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विश्व आयुर्वेद परिषद के तत्वावधान में आज सिवान के दयानंद आयुर्वेदिक कॉलेज परिसर में दिनांक 06/07/2025 से 12/07/2025 तक सात दिवसीय व्यक्तित्व विकास प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। इस विशेष कार्यक्रम में बिहार के विभिन्न आयुर्वेदिक कॉलेजों से आए कुल ६१ छात्रों ने हिस्सा लिया। कार्यशाला का उद्देश्य भावी आयुर्वेद चिकित्सकों में न केवल आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता विकसित करना है, बल्कि उन्हें अपने रोगियों, अस्पतालों और समाज के प्रति दायित्वबोध एवं संवेदनशील व्यवहार के लिए भी प्रशिक्षित करना है।

ByRavi Shastri

Jul 8, 2025
हिमालय वेलनेस कंपनी के द्वारा चिकित्सा महाविद्यालय के 2018-19 बैच में प्रथम स्थान डॉ जीन्नत परवीन(चिकित्सा पदाधिकारी, बिहार सरकार) एवं द्वितीय स्थान डॉ श्रेया कुमारी (चिकित्सा पदाधिकारी, बिहार सरकार) ने प्राप्त किया था तथा 2019-20 बैच में प्रथम स्थान शाहीन प्रवीन एवं द्वितीय स्थान प्रकाश कुमार सिंह ने प्राप्त किया था। 2019-20 बैच से शाहीन प्रवीन को जीवक एवं से प्रकाश कुमार सिंह को आयुर्विशारद सम्मान दिया गया। इसके अतिरिक्त दोनों बैच के सभी छात्र – छात्राओं को वेलकम किट भी दिया गया।
सुखद संयोग
दिनांक 16/04/2026 को दयानंद आयुर्वेदिक चिकित्सा महाविद्यालय में पधारे प्रो(डॉ) रूद्रमणि दीपक( कायचिकित्सा विभाग) शिवालिक आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, आजमगढ़, उत्तरप्रदेश द्वारा लिखित पुस्तक “Basics of Kayachikitsa” का विमोचन गरिमामयी उपस्थिति प्रो(डॉ) प्रजापति त्रिपाठी, प्रो (डॉ)राजेश श्रीवास्तव , प्रो(डॉ)प्रभात कुमार द्विवेदी, डॉ कुलदीप समेत महाविद्यालय के अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।

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